जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) श्री नलिन प्रभात, आईपीएस ने आज सीमावर्ती जिले कठुआ के अग्रिम इलाकों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा व्यवस्था और हालिया बाढ़ से हुए नुकसान का जायज़ा लिया।

डीजीपी के साथ डीआईजी जेएसके श्री शिव कुमार शर्मा, कठुआ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) श्री शोभित सक्सेना, आईपीएस सहित जम्मू-कश्मीर पुलिस के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त, एसएसपी पठानकोट और एसपी ट्रैफिक पंजाब ने भी इस दौरे में हिस्सा लिया।
क्षेत्रीय निरीक्षण:
डीजीपी ने बाढ़ के कारण क्षतिग्रस्त लखनपुर–माधोपुर पुल और सहार खड्ड पुल का निरीक्षण किया।

उन्होंने पंजाब सीमा पर यातायात की स्थिति की समीक्षा की और एनएचएआई अधिकारियों से बहाली कार्यों की प्रगति पर चर्चा की।
बीएसएफ की सीमा चौकी पर वरिष्ठ अधिकारियों ने डीजीपी को अंतरराष्ट्रीय सीमा पर हुए संपत्ति नुकसान के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
अग्रिम इलाकों का दौरा:
डीजीपी ने बीएसएफ कर्मियों से बातचीत की जो राहत और बचाव कार्यों में सक्रिय रूप से शामिल रहे। उन्होंने स्वयं बाढ़ से प्रभावित अग्रिम इलाकों का निरीक्षण कर स्थिति का प्रत्यक्ष अवलोकन किया।
सुरक्षा समीक्षा बैठक:
दौरे के अंत में, डीजीपी नलिन प्रभात ने बीएसएफ, सीआरपीएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की।

उन्होंने सीमावर्ती क्षेत्रों में कड़ी निगरानी बनाए रखने और सीमा सुरक्षा को और सुदृढ़ करने पर बल दिया।
डीजीपी का संदेश:
डीजीपी ने स्पष्ट किया कि जम्मू-कश्मीर पुलिस सभी सहयोगी एजेंसियों के साथ मजबूती से खड़ी है और सीमा सुरक्षा को और मज़बूत करने के लिए प्रतिबद्ध है।
