प्रसादपुर में 11.28 एकड़ भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने पहुंची प्रशासनिक टीम पर हमला, एक महिला समेत सात गिरफ्तार
पूर्णिया जिले के चम्पानगर थाना क्षेत्र अंतर्गत मौजा प्रसादपुर में अतिक्रमण हटाने गई पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम पर अतिक्रमणकारियों ने जानलेवा हमला कर दिया। इस हिंसक घटना में चम्पानगर थाना में पदस्थापित ग्रामीण पुलिसकर्मी शंकर पासवान गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके सिर के पीछे गर्दन में तीर लगने से स्थिति गंभीर हो गई, जिसके बाद उन्हें पहले श्रीनगर स्वास्थ्य केंद्र और फिर बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल पूर्णिया रेफर किया गया। घटना में करीब आधा दर्जन अन्य पुलिसकर्मी भी तीर, ईंट और पत्थर लगने से घायल हुए हैं।
जानकारी के अनुसार केनगर अंचल के मौजा प्रसादपुर स्थित खाता संख्या-67, खेसरा संख्या-181, रकबा 11.28 एकड़ भूमि पर लंबे समय से अवैध कब्जा होने की शिकायत थी। यह जमीन मरंगा थाना क्षेत्र के विक्रमपट्टी कवैया वार्ड संख्या-04 निवासी सुधीर ऋषि की बताई जा रही है। आरोप है कि श्रीनगर थाना क्षेत्र के चरैया रहिका मलिनिया कामत निवासी रंजना देवी सहित 28 लोगों ने इस जमीन पर अवैध कब्जा कर रखा था।
कोर्ट और प्रशासन के आदेश के बाद भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए प्रतिनियुक्त कार्यपालक दंडाधिकारी अभय राज, अंचलाधिकारी दिवाकर कुमार तथा प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी चंद्रदेव प्रसाद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे थे। प्रशासनिक टीम जैसे ही जमीन खाली कराने की प्रक्रिया शुरू करने लगी, अतिक्रमणकारियों ने विरोध शुरू कर दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कुछ ही देर में दर्जनों लोग तीर-धनुष, भाला, लाठी और ईंट-पत्थरों से लैस होकर पुलिस बल पर हमला बोल दिया। अचानक हुए इस हमले में ग्रामीण पुलिसकर्मी शंकर पासवान के सिर के पीछे गर्दन में तीर धंस गया, जबकि कई अन्य पुलिसकर्मी घायल हो गए।
स्थिति को बिगड़ता देख पुलिस ने मोर्चा संभाला और उपद्रवियों को खदेड़ते हुए कार्रवाई शुरू की। मौके से एक महिला सहित सात आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस की कार्रवाई के बाद प्रशासनिक टीम ने विवादित भूमि की घेराबंदी कर दी है।
घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
