पूर्णिया समाहरणालय स्थित महानन्दा सभागार में प्रभारी जिलापदाधिकारी अंजनी कुमार ने दीप प्रज्वलित कर “जन भागीदारी सबसे दूर सबसे पहले” अभियान की शुरुआत की। यह अभियान जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार एवं अनुसूचित जाति-जनजाति कल्याण विभाग, बिहार सरकार के सहयोग से पूर्णिया जिला प्रशासन द्वारा संचालित किया जा रहा है। अभियान 25 मई तक जिले के जनजातीय बाहुल्य गांवों में चलाया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान आयोजित प्रेस वार्ता में प्रभारी जिलाधिकारी ने बताया कि अभियान के तहत विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं से जुड़ी समस्याओं का समाधान शिविर के माध्यम से किया जाएगा। इसमें आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, पीएम किसान योजना, पीएम उज्ज्वला योजना, पीएम जनधन योजना, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, राशन कार्ड तथा किसान क्रेडिट कार्ड जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचाने के लिए विशेष शिविर लगाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति एवं जनजाति समुदाय के लोगों से आवेदन एवं समस्याएं प्राप्त कर उनका त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि जरूरतमंद लोगों को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।
इस दौरान प्रभारी जिलाधिकारी ने 19 मई से शुरू होने वाले “सहयोग शिविर” की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन इसकी तैयारी युद्धस्तर पर कर रहा है। जिले के सभी 14 प्रखंडों की एक-एक पंचायत में शिविर लगाया जाएगा, जहां आम लोगों की समस्याओं एवं आवेदनों का मौके पर निपटारा किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि अब तक जिलेभर से करीब 3000 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं, जिनका निर्धारित समयसीमा के भीतर निष्पादन किया जाएगा। इसको लेकर महानन्दा सभागार भवन में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी आयोजित की गई, जिसमें शिविर की तैयारी एवं आवेदनों के निष्पादन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
प्रभारी जिलाधिकारी ने कहा कि 19 मई से इसकी शुरुआत की जा रही है और इसके बाद प्रत्येक माह के पहले मंगलवार एवं तीसरे मंगलवार को सहयोग शिविर आयोजित किया जाएगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य आम लोगों को विभिन्न विभागों के चक्कर लगाने से राहत देना तथा पंचायत स्तर पर ही उनकी समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करना है।
