बिहार सरकार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की पहली कैबिनेट बैठक में लिए गए फैसलों के तहत राज्य में 11 नए सैटलाइट टाउनशिप बसाने की योजना को लेकर पूर्णिया में भी बड़ी तैयारी शुरू हो गई है। इस योजना के तहत जिले के चिन्हित क्षेत्रों में जमीन की खरीद-बिक्री और निर्माण कार्य पर अस्थायी रोक लगा दी गई है।
इस संबंध में भारत वन हिंदी की टीम ने पूर्णिया के नगर आयुक्त कुमार मंगलम से बातचीत की। उन्होंने बताया कि पूर्णिया को 11 सैटलाइट टाउनशिप में शामिल किया जाना जिले के लिए गर्व और खुशी की बात है। इससे शहर में योजनाबद्ध विकास को नई गति मिलेगी।

नगर आयुक्त ने बताया कि प्रस्ताव के तहत पूर्णिया में कोर एरिया और स्पेशल एरिया के रूप में विकास किया जाएगा। कोर एरिया के लिए परोरा और उसके आसपास करीब 800 से 900 एकड़ भूमि को विकसित करने का प्रस्ताव भेजा गया है। सरकार की गाइडलाइन आने के बाद आगे की प्रक्रिया तेज की जाएगी।

उन्होंने यह भी कहा कि पूर्णिया में एरोसिटी बनने की संभावना पर भी विचार किया जा रहा है। यदि यह योजना साकार होती है, तो जिले में विकास की रफ्तार कई गुना बढ़ जाएगी और बड़े निवेश के रास्ते खुलेंगे। इसके लिए आवश्यक जमीन चिन्हित करने की दिशा में काम किया जाएगा।
53 मौजा होंगे प्रभावित, 2027 तक रोक
वहीं, पूर्णिया रजिस्टार कार्यालय का जायजा लेने पहुंची टीम ने सब रजिस्ट्रार उमाशंकर मिश्र से भी बातचीत की। उन्होंने बताया कि नए टाउनशिप निर्माण के लिए जिले के 53 मौजा की जमीन को चिन्हित किया गया है।

नगर विकास एवं आवास विभाग द्वारा जारी संकल्प के अनुसार, नगर अंचल और पूर्णिया पूर्व के कुछ क्षेत्रों को कोर और विशेष क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके तहत ग्रीन फील्ड सैटलाइट टाउनशिप का निर्माण किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि कोर एरिया के रूप में 1374 एकड़ और स्पेशल एरिया के रूप में लगभग 26,000 एकड़ भूमि चिन्हित की गई है। इन क्षेत्रों में फिलहाल जमीन की खरीद-बिक्री और विकास कार्यों पर 30 मार्च 2027 तक रोक लगाई गई है। हालांकि, योजना की रूपरेखा पहले तैयार होने पर इस प्रतिबंध को पहले भी हटाया जा सकता है।
एमबीआर पुनरीक्षण भी जल्द संभव
सब रजिस्ट्रार ने यह भी बताया कि लंबे समय से एमबीआर (Minimum Benchmark Rate) का पुनरीक्षण नहीं हुआ है, जबकि इसे हर वर्ष होना चाहिए। सरकार द्वारा इस दिशा में कदम उठाए जाने की संभावना है और विभाग इसके लिए तैयार है।
स्थानीय लोगों ने किया स्वागत
इस योजना को लेकर प्रभावित क्षेत्रों के स्थानीय निवासी अरुण कुमार ने सरकार के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि सैटलाइट टाउनशिप बनने से इलाके का समग्र विकास होगा, रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और बाहरी निवेश भी आएगा। इससे किसानों को भी लाभ मिलेगा और जमीन की कीमतों में बढ़ोतरी होगी।
निष्कर्ष:
पूर्णिया को सैटलाइट टाउनशिप के रूप में विकसित करने की यह पहल जिले के लिए बड़े बदलाव का संकेत है। हालांकि फिलहाल जमीन खरीद-बिक्री पर रोक से कुछ लोग प्रभावित होंगे, लेकिन लंबे समय में यह योजना विकास और रोजगार के नए द्वार खोल सकती है।
