पूर्णिया। बिहार के पूर्णिया जिले के डगरुआ थाना क्षेत्र अंतर्गत विश्वासपुर में 18 वर्षीय खुशी कुमारी की निर्मम हत्या ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। नमस्कार होटल के पीछे मकई के खेत से युवती का शव मिलने के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और देखते ही देखते मामला उग्र आंदोलन में बदल गया। आक्रोशित लोगों ने NH-31 पर आगजनी कर यातायात पूरी तरह बाधित कर दिया।
मृतका की पहचान चतरा गांव, रामपुर पंचायत वार्ड संख्या 4 निवासी सुखदेव चौधरी की पुत्री खुशी कुमारी के रूप में हुई है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि गांव के ही चार युवकों ने पहले सामूहिक दुष्कर्म किया और फिर उसकी हत्या कर शव को खेत में फेंक दिया।

बताया जा रहा है कि खुशी कुमारी पिछले 9 दिनों से लापता थी। परिजनों द्वारा लगातार खोजबीन के बाद गुरुवार को विश्वासपुर स्थित NH-31 के पास नमस्कार होटल के पीछे उसका शव बरामद हुआ। शव मिलने की खबर फैलते ही इलाके में सनसनी फैल गई और भारी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए।
घटना के विरोध में हजारों की संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए और NH-31 को करीब तीन घंटे तक जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाकर और सड़क पर आगजनी कर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्थानीय लोगों ने साफ कहा कि जब तक पुलिस अधीक्षक (एसपी) मौके पर नहीं पहुंचेंगे, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना के बावजूद वरीय अधिकारियों की देरी से नाराजगी और बढ़ गई।

पुलिस के अनुसार, 12 मार्च 2026 को पीड़िता के पिता सुखदेव चौधरी द्वारा डगरुआ थाना में अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया था। तकनीकी जांच के आधार पर एक आरोपी सचिन (लगभग 20 वर्ष) को हिरासत में लिया गया है। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि वह पिछले चार महीनों से युवती के संपर्क में था। घटना की रात वह अपने साथियों के साथ युवती को मेला दिखाने ले गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया गया और विरोध करने पर सभी आरोपियों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर शव बरामद कर लिया है। एफएसएल टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
इस घटना पर बायसी के विधायक सरवर आलम ने कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह पुलिस प्रशासन की बड़ी लापरवाही है। उन्होंने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने और दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग की है।
यह हृदयविदारक घटना एक बार फिर महिला सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है। फिलहाल इलाके में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है और पुलिस हालात को नियंत्रित करने में जुटी हुई है।
