लेन्सकार्ट कंपनी द्वारा कर्मचारियों के धार्मिक प्रतीकों पर कथित प्रतिबंध के विरोध में पूर्णिया में हिंदू संगठनों ने जोरदार प्रदर्शन किया। लाइन बाजार स्थित लेन्सकार्ट शोरूम में पहुंचकर प्रदर्शनकारियों ने इस फैसले का विरोध जताया और इसे वापस लेने की मांग की।

यह विरोध प्रदर्शन अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष मानोज कुमार मोनू के नेतृत्व में किया गया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने शोरूम में मौजूद कर्मचारियों को तिलक लगाया और उनके हाथों में कलावा बांधा। साथ ही कंपनी के खिलाफ नारेबाजी भी की गई।
मीडिया से बातचीत करते हुए मानोज कुमार मोनू ने कहा कि “हिंदुस्तान में किसी भी प्रकार का ऐसा फरमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, जो धार्मिक स्वतंत्रता पर चोट करता हो।” उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी द्वारा कर्मचारियों को बिंदी, तिलक, कलावा और रुद्राक्ष जैसे धार्मिक प्रतीक पहनने से रोका गया, जबकि अन्य धार्मिक पहनावे की अनुमति दी गई।
वहीं, विश्व हिंदू परिषद के जिला मंत्री राणा गौतम राठौर ने बताया कि विरोध के बाद कंपनी प्रबंधन को अपने रुख में बदलाव करना पड़ा है। अब कर्मचारियों को अपने धार्मिक प्रतीक पहनने की स्वतंत्रता दी जाएगी और इस तरह के किसी भेदभावपूर्ण निर्देश को लागू नहीं किया जाएगा।
नगर अध्यक्ष जितेंद्र मुकुंद ने कहा कि देशभर में बजरंग दल और अन्य संगठनों के विरोध के कारण कंपनी को यह फैसला बदलना पड़ा। उन्होंने इसे संगठनों की एकजुटता की जीत बताया।
प्रदर्शन के दौरान रामजन्म सिंह ने भी अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अक्सर ऐसी घटनाएं सामने आती हैं, जहां महिलाओं को परीक्षा केंद्रों पर मंगलसूत्र, चूड़ी और बिंदी तक उतारने के लिए मजबूर किया जाता है, जो पूरी तरह गलत है और इसका विरोध होना चाहिए।
इस विरोध प्रदर्शन में मानोज मोनू, राणा गौतम राठौर, जितेंद्र मुकुंद, चंदन कुमार, सोनू कुमार, रामजन्म सिंह, बंटी कुमार, प्रवीण कुमार सहित कई कार्यकर्ता शामिल रहे।
