बिहार में एक बार फिर बड़े नेताओं ने भाजपा का दामन थामकर बिहार की राजनीति में हलचल मचा दी है। आज पूर्व आईपीएस आनंद मिश्रा, पूर्व केंद्रीय मंत्री नागमणि कुशवाहा, पूर्व मंत्री सुचित्रा सिन्हा, भूमिहार ब्राह्मण एकता फाउंडेशन के संयोजक आशुतोष कुमार सैकड़ों समर्थकों के साथ भाजपा में शामिल हुए।
भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने से पहले सभी नेताओं ने अपना मंतव्य देते हुए कहा की आज कई प्रमुख नेताओं ने भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने का फैसला किया है। इन नेताओं में आनंद मिश्रा, सुचित्रा सिन्हा नागमणि, अवधेश सिंह, और आशुतोष शामिल हैं।
आनंद मिश्रा का बयान
इस दौरान पूर्व आईपीएस आनंद मिश्रा ने कहा, “मैं शुरू से ही संघ से जुड़ा रहा हूँ। वीआरएस लेने के बाद जब मैं आया था, तब भी सम्राट चौधरी जी से मिला था। मैं संगठन के लिए काम करूँगा। मैं टिकट का लालची नहीं हूँ, मेरा मानना है कि बिहार तभी मज़बूत होगा जब भाजपा मज़बूत होगी। मैं तन-मन-धन से भाजपा में रहूँगा।”
आशुतोष कुमार का बयान
आशुतोष कुमार ने कहा, “जहाँ दिल मिले, वहाँ जाना चाहिए। हम नक्सलियों के साथ कभी नहीं मिल सकते। मैं भाजपा में उन लोगों को उखाड़ फेंकने के लिए शामिल हुआ हूँ जिन्होंने 1990 के दशक में जाति पूछकर लोगों की हत्या की थी और जो देशद्रोहियों को अपने साथ लेकर चलते थे।”
सुचित्रा सिन्हा का बयान
सुचित्रा सिन्हा ने कहा, “मैं आज भारतीय जनता पार्टी की कार्यशैली से प्रभावित होकर पार्टी में शामिल हो रही हूँ।”
विजय सिन्हा का बयान
विजय सिन्हा ने कहा, “बिहार भाजपा परिवार के सभी सदस्यों का धन्यवाद।”
सम्राट चौधरी का बयान
सम्राट चौधरी ने कहा, “आज बिहार विकास कर रहा है। मोदी जी और नीतीश जी की डबल इंजन सरकार बदलते बिहार की तस्वीर पेश कर रही है। आज बिहार का बजट साढ़े तीन लाख हज़ार करोड़ रुपये है। मोदी जी के शासनकाल में ही अयोध्या में भगवान राम का चार सौ साल का वनवास समाप्त हुआ था। इसी तरह, माँ सीता का मंदिर भी भव्य रूप से बनाया जाएगा। लगभग एक हज़ार करोड़ रुपये की लागत से भव्य मंदिर बनाया जाएगा।”
इन नेताओं के शामिल होने से बीजेपी को मजबूती मिलेगी और बिहार में विकास की गति और तेज होगी।
